Friday, 3rd of April 2026

CM योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर में ‘जनता दर्शन’ के दौरान सुनीं लोगों की समस्याएं

By: GTC News Desk | Edited By: Preeti Kamal | Updated at: February 15th 2026 11:45 AM
CM योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर में ‘जनता दर्शन’ के दौरान सुनीं लोगों की समस्याएं

CM योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर में ‘जनता दर्शन’ के दौरान सुनीं लोगों की समस्याएं

गोरखपुर, उत्तर प्रदेश: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को गोरखपुर में ‘जनता दर्शन’ का आयोजन किया, जिसके दौरान उन्होंने लोगों की शिकायतें सुनीं। मुख्यमंत्री योगी ने जनता की समस्याओं को सुना और अधिकारियों को उन्हें प्राथमिकता के आधार पर निपटाने के निर्देश दिए। इससे पहले दिन में, मुख्यमंत्री योगी ने महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर हार्दिक शुभकामनाएं भी दीं। उन्होंने तीर्थराज प्रयाग स्थित त्रिवेणी संगम में पवित्र स्नान के लिए एकत्रित श्रद्धालुओं के लिए प्रार्थना की। 

साधकों की साधना सफल हो और श्रद्धालुओं की मनोकामनाएं पूर्ण हों

सोशल मीडिया मंच एक्स पर एक पोस्ट में, मुख्यमंत्री योगी ने श्रद्धालुओं के कल्याण और उनकी मनोकामनाओं की पूर्ति के लिए प्रार्थना की तथा देवाधिदेव महादेव और मां गंगा की कृपा उन पर बनी रहने की कामना की। उन्होंने लिखा, “देवाधिदेव महादेव की उपासना को समर्पित पावन स्नान पर्व महाशिवरात्रि के अवसर पर तीर्थराज प्रयाग के त्रिवेणी संगम में आस्था की डुबकी लगाने पहुंचे सभी पूज्य संतों, धर्माचार्यों, कल्पवास हेतु आए साधकों और श्रद्धालुओं को हार्दिक बधाई। देवाधिदेव महादेव और पुण्यदायिनी मां गंगा की कृपा सभी भक्तों पर बनी रहे। साधकों की साधना सफल हो और श्रद्धालुओं की मनोकामनाएं पूर्ण हों, यही मेरी प्रार्थना है। हर-हर महादेव।”

शिव-शक्ति का यह मिलन प्रेम, शक्ति और एकता का प्रतीक

इस बीच, प्रयागराज के संगम घाटों पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु माघ मेले के महाशिवरात्रि स्नान में भाग लेने के लिए एकत्र हुए। महाशिवरात्रि पूरे भारत में श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाई जाती है। यह पर्व भगवान शिव और माता पार्वती के दिव्य मिलन का प्रतीक है। भक्त व्रत रखते हैं, पूजा-अर्चना करते हैं और रात्रि जागरण कर भगवान का आशीर्वाद प्राप्त करते हैं। हिंदू पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, विवाह की रात भगवान शिव देवी पार्वती के घर विविध देवी-देवताओं, पशुओं और गणों के साथ बारात लेकर पहुंचे थे। शिव-शक्ति का यह मिलन प्रेम, शक्ति और एकता का प्रतीक माना जाता है। इसी पावन मिलन की स्मृति में महाशिवरात्रि का पर्व पूरे देश में श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया जाता है।