लखनऊ: एक दौर था जब उत्तर प्रदेश को बीमारु राज्य को तौर पर देखा जाता था। ग़रीबी, बेरोज़गारी और अशिक्षा के चलते उत्तर प्रदेश की पहचान को देखा जाता था, लेकिन वो दौर जा चुका है और नया ज़माना आ चुका है।
दरअसल उत्तर प्रदेश में डबल इंजन की सरकार की लगातार ये क़वायद रही है कि राज्य के लिए हर वो मुमकिन कोशिश की जाए, जिससे की विकास को नई गति मिल सके और ख़ासतौर पर बेरोज़गारों को नया रोज़गार मिल सके।
इसी कड़ी में यूपी की योगी सरकार उन युवाओं का हाथ थामना चाहती है, तो मेहनत, लगन और कौशल की बदौलत ख़ुद अपने पैरों पर खड़े होना चाहते हैं।
अगर किसी युवा को मनचाहा रोज़गार नहीं मिल रहा है, तो वह युवा यूपी सरकार से मिल रहे अनुदान के आधार पर अपनी मंज़िल की तरफ़ आसानी से क़दम बढ़ा सकता है। असल में योगी सरकार की ओर से मधुमक्खी पालन के लिए युवाओं को आकर्षक अनुदान दिया जा रहा है। ऐसे में मधुमक्खी पालन करके युवा स्वावलंबी बन सकेंगे और अपनी आय में बढ़ोतरी भी कर पाएंगे। आपको ये जानकर ख़ुशी होगी कि सरकार की ओर से मधुमक्खी पालन के लिए आवेदन मांगे जा रहे हैं, ताकि इच्छुक नौजवानों को अनुदान का सीधे तौर पर फ़ायदा पहुंचाया जा सके। इसके लिए इच्छुक व्यक्ति अपने प्रोजेक्ट के साथ ही अलग-अलग दस्तावेज़ों की मदद से आवेदन करके योजना का लाभ ले सकते हैं। यही नहीं, प्रशिक्षण व उद्योग स्थापित करने के साथ ही सरकार शहद की बिक्री में भी युवाओं को सहयोग करने के लिए तैयार है।
गौरतलब है कि मुख्यमंत्री रोज़गार योजना के तहत मधुमक्खी पालन करने के लिए युवाओं को 10 लाख रुपये तक का अनुदान दिया जा रहा है। योगी सरकार की इस पहल को युवा भी स्वागत करते हुए दिखाई दे रहे हैं।
बहरहाल ऐसे में जो भी व्यक्ति इस आर्थिक तौर पर फायदेमंद योजना का लाभ लेने के लिए आवेदन करना चाहता है, तो वह विभाग की वेबसाइट की मदद से भी आवेदन कर सकते हैं। आवेदन प्रक्रिया पूरी होन व जांच के बाद योजना का लाभ आप तक पहुंच जाएगा।
आवेदन के लिए कौन से दस्तावेज़ों की पड़ेगी ज़रुरत?
आवेदन के लिए मधुमक्खी पालन की पूरी कार्ययोजना, आधार कार्ड, पासपोर्ट साइज फ़ोटो, जाति प्रमाणपत्र, राशन कार्ड, परिवार रजिस्टर व निवास प्रमाण पत्र के साथ आवेदन कर सकते हैं। आवेदन के बाद जांच प्रक्रिया पूरी होने के बाद बैंक से ऋण प्रदान कराया जाएगा। सामान्य वर्ग के पुरुष के लिए 4 प्रतिशत स्वयं वहन करना होगा। वहीं, महिला सहित अन्य जातियों के लिए शत प्रतिशत धनराशि विभाग की ओर से मुहैया कराई जाएगी।