लखनऊ: उत्तर प्रदेश में ठंड ने अपना रौद्र रूप दिखाना शुरू कर दिया है। गुरुवार, 18 दिसंबर 2025 को भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने प्रदेश के कई ज़िलों में घने से अत्यंत घने कोहरे और शीतलहर का 'रेड अलर्ट' जारी किया है। राजधानी लखनऊ में घने कोहरे और गलन भरी ठंड को देखते हुए जिलाधिकारी (DM) ने सभी स्कूलों की टाइमिंग बदलने का आदेश जारी किया है।
👉लखनऊ में बढ़ती सर्दी और घने कोहरे को देखते हुए कक्षा एक से 12 तक के सभी सरकारी और निजी विद्यालयों को अपनी कक्षाएं सुबह 9:00 बजे के बाद संचालित करने के निर्देश दिए गए हैं।👉जिलाधिकारी विशाख जी ने इस संबंध में आदेश जारी कर दिया है।#UPNews #NewsUpdate pic.twitter.com/2L8bHWng0p
— AIR News Lucknow (@airnews_lucknow) December 17, 2025
लखनऊ: सुबह 9 बजे के बाद ही खुलेंगे स्कूल
लखनऊ के ज़िलाधिकारी विशाख जी द्वारा जारी आधिकारिक आदेश के अनुसार:
राजधानी के कक्षा 1 से 12 तक के सभी विद्यालय अब सुबह 9:00 बजे से संचालित होंगे।
यह आदेश सीबीएसई (CBSE), आईसीएसई (ICSE), यूपी बोर्ड और अन्य सभी सहायता प्राप्त स्कूलों पर अनिवार्य रूप से लागू होगा।
प्रशासन ने साफ़ किया है कि जो विद्यालय सुबह 9 बजे से पहले कक्षाएं शुरू करेंगे, उनके ख़िलाफ़ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
यूपी के अन्य ज़िलों का हाल और अलर्ट
मौसम विभाग ने उत्तर प्रदेश के 16 से अधिक ज़िलों के लिए चेतावनी जारी की है:
रेड अलर्ट वाले क्षेत्र: कुशीनगर, महाराजगंज, सिद्धार्थ नगर, बहराइच, लखीमपुर खीरी और बरेली जैसे तराई क्षेत्रों में 'शीत दिवस' (Cold Day) की स्थिति बनी रहेगी।
विजिबिलिटी शून्य के करीब: प्रयागराज, आगरा, और मुरादाबाद जैसे शहरों में सुबह के समय दृश्यता 0 से 50 मीटर के बीच दर्ज की गई, जिससे यातायात पर गहरा प्रभाव पड़ा है।
यातायात प्रभावित: कोहरे के कारण लखनऊ आने वाली कई ट्रेनें 10-12 घंटे की देरी से चल रही हैं और सड़कों पर वाहनों की रफ़्तार थम गई है।
प्रशासन की सलाह: 'शीत लहर' से बचाव है ज़रूरी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि सभी सार्वजनिक स्थानों पर अलाव (Bonfire) और रैन बसेरों की व्यवस्था पुख़्ता की जाए। स्वास्थ्य विभाग ने बच्चों और बुज़ुर्गों को सलाह दी है कि वे सुबह और शाम की भीषण ठंड में बाहर निकलने से बचें और पर्याप्त गर्म कपड़े पहनें।
मौसम का पूर्वानुमान
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, अगले 4-5 दिनों तक राहत मिलने की उम्मीद कम है। पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के प्रभाव से पहाड़ों पर हो रही बर्फ़बारी का असर मैदानी इलाकों में बर्फ़ीली हवाओं के रूप में जारी रहेगा, जिससे न्यूनतम तापमान 7°C से 9°C के बीच रह सकता है।