Saturday, 11th of April 2026

UP में BLO, ERO, AERO की बल्ले-बल्ले: भारतीय निर्वाचन आयोग के निर्देश पर बढ़ा मानदेय

By: GTC News Desk | Edited By: Mohd Juber Khan | Updated at: November 27th 2025 04:23 PM
UP में BLO, ERO, AERO की बल्ले-बल्ले: भारतीय निर्वाचन आयोग के निर्देश पर बढ़ा मानदेय

UP में BLO, ERO, AERO की बल्ले-बल्ले: भारतीय निर्वाचन आयोग के निर्देश पर बढ़ा मानदेय

लखनऊ/नई दिल्ली: मतदाता सूची के शुद्धिकरण और पुनरीक्षण कार्य में लगे बूथ लेवल अधिकारियों (BLO) और अन्य निर्वाचन कर्मियों के लिए यह एक बड़ी ख़ुशख़बरी है। भारत निर्वाचन आयोग के निर्देश पर, उत्तर प्रदेश में बीएलओ का वार्षिक मानदेय दोगुना कर दिया गया है।पहले जहां बीएलओ को ₹6,000 वार्षिक मानदेय मिलता था, अब उसे बढ़ाकर ₹12,000 कर दिया गया है। इसके साथ ही, कई अन्य पदों के मानदेय में भी बड़ी बढ़ोतरी की गई है और ERO/AERO को पहली बार मानदेय देने का फैसला लिया गया है।

निर्वाचन कर्मियों के लिए बढ़ा हुआ मानदेय (वार्षिक)

     पदनाम                                                                     पुराना मानदेय (₹)    नया मानदेय (₹)

बूथ लेवल ऑफिसर (BLO)                                               6,000                        12,000

BLO सुपरवाइजर                                                               12,000                     18,000

निर्वाचक पंजीयन अधिकारी (ERO)                                  शून्य                       30,000

सहायक निर्वाचक पंजीयन अधिकारी (AERO)               शून्य                      25,000

 अन्य प्रोत्साहन राशि में भी वृद्धिपुनरीक्षण कार्य प्रोत्साहन राशि

- मतदाता सूची के पुनरीक्षण (Revision) कार्य के लिए बीएलओ को मिलने वाली प्रोत्साहन राशि को भी ₹1,000 से बढ़ाकर ₹2,000 कर दिया गया है।

- विशेष प्रोत्साहन: कुछ राज्यों में (जैसे बिहार), विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision - SIR) अभियान के लिए बीएलओ को ₹6,000 का अतिरिक्त विशेष प्रोत्साहन भी दिया जा रहा है।

ERO और AERO को पहली बार मानदेय

यह पहली बार हुआ है जब निर्वाचन आयोग ने निर्वाचक पंजीयन अधिकारी (ERO) और सहायक निर्वाचक पंजीयन अधिकारी (AERO) को भी उनके महत्वपूर्ण कार्य के लिए एकमुश्त वार्षिक मानदेय देने का निर्णय लिया है।उत्तर प्रदेश राज्य ब्यूरो से मिली जानकारी के अनुसार, मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय ने मानदेय वृद्धि का यह प्रस्ताव राज्य सरकार को भेज दिया है, और वित्त विभाग से हरी झंडी मिलते ही बढ़ा हुआ मानदेय सभी को मिलना शुरू हो जाएगा।निर्वाचन आयोग ने कहा है कि यह फैसला लोकतंत्र की आधारशिला माने जाने वाली शुद्ध मतदाता सूची को तैयार करने में जमीनी स्तर पर काम करने वाले कर्मचारियों के योगदान को देखते हुए लिया गया है। इस बढ़ोतरी से बीएलओ और अन्य निर्वाचन कर्मियों का मनोबल बढ़ेगा और वे अपने कार्य को और अधिक निष्ठा के साथ कर पाएंगे।