पंजाब: 11 फरवरी को बम से उड़ाने की धमकी मिलने के बाद आज ऐसी ही एक और धमकी मिली है। यह धमकी ईमेल के ज़रिए भेजी गई थी। जानकारी मिलते ही स्कूल मैनेजमेंट अलर्ट हो गया और एहतियात के तौर पर स्कूल में छुट्टी कर दी गई है। पेरेंट्स को मैसेज भेजकर इसकी जानकारी दी गई। सुबह स्कूल पहुंचे कई बच्चों को गेट से ही वापस भेज दिया गया। धमकी मिलते ही पुलिस और सिक्योरिटी एजेंसियां अलर्ट मोड में आ गईं।
फोर्टिस अस्पताल और मोहाली के स्कूल निशाने पर
आज धमकी भरे ईमेल में कहा गया है कि सभी स्कूलों को बम से उड़ा दिया जाएगा। ईमेल में दोपहर 1:11 बजे फोर्टिस अस्पताल और स्कूलों में धमाका करने की चेतावनी दी गई है, जिसमें अस्पताल में भर्ती मुख्यमंत्री भगवंत मान को विशेष रूप से निशाने पर लेने की बात कही गई है। ध्यान देने वाली बात यह है कि पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान की तबियत कुछ दिनों से ठीक नहीं है जिसके चलते वो बीते रविवार से ही उनका इलाज फोर्टिस अस्पताल में चल रहा हैं और धमकी भरे ईमेल में उनका भी ज़िक्र किया गया है।
STORY | Mohali schools receive bomb threat emails, Fortis Hospital also mentionedSome schools in Punjab's Mohali received bomb threat emails on Tuesday, which also mentioned Fortis Hospital, prompting police to launch search operation, officials said.READ:… pic.twitter.com/iLlJddsvvz
— Press Trust of India (@PTI_News) February 17, 2026
इस ईमेल से माहौल में काफ़ी तब्दीली आ गई जिसके चलते सुरक्षा एजेंसियां और पुलिस हाई अलर्ट मोड पर हैं। किसी भी तरह की अनहोनी घटना को अंजाम न दिया जा सके इसके लिए सभी पुख़्ता इंतज़ाम कर लिए गए हैं। कड़ी कार्रवाई करते हुए स्कूलों को खाली करा लिया गया है और बम निरोधक दस्तों के साथ तलाशी अभियान शुरू कर दिया गया है।
मुख्यमंत्री भगवंत मान की सुरक्षा बढ़ा दी गई
रविवार शाम को मुख्यमंत्री भगवंत मान के फोर्टिस अस्पताल में भर्ती होने के बाद से ही वहां सुरक्षा चाक-चौबंद थी, लेकिन इस धमकी भरे ईमेल के बाद सुरक्षा इंतज़ाम और अधिक पुख़्ता कर दिए गए हैं। पुलिस की तैनाती हर अस्पताल के कोने-कोने में कर दी गई है।
मोहाली में रैली के बाद फिर से भर्ती हो गए थे मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री भगवंत मान की सेहत अभी पूरी तरह से ठीक नहीं हो पाई है जिसके चलते उन्हें दोबारा भर्ती होना पड़ा। हालांकि, सोमवार सुबह अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद वे मोगा में 'युद्ध नशा विरुद्ध' रैली में शामिल होने पहुंचे थे, लेकिन रैली को संबोधित करने के बाद उन्हें फिर से भारी थकावट महसूस हुई। इसके बाद उन्हें सोमवार शाम को दोबारा मोहाली के फोर्टिस अस्पताल में भर्ती करना पड़ा। रैली में आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल और अन्य कैबिनेट मंत्री भी मौजूद थे।