सीएम योगी आदित्यनाथ ने YEIDA में ₹11,000 करोड़ की परियोजनाओं के लिए बांटे आवंटन पत्र
लखनऊ: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्य को ग्लोबल इंडस्ट्रियल हब बनाने की दिशा में एक और बड़ा क़दम उठाया है। रविवार को लखनऊ में आयोजित एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक के दौरान, मुख्यमंत्री ने यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (YEIDA) क्षेत्र में सेमीकंडक्टर इकाइयों, इलेक्ट्रॉनिक्स परियोजनाओं और एक मेडिकल कॉलेज की स्थापना के लिए प्रमुख संस्थाओं को भूमि आवंटन पत्र (Allotment Letters) सौंपे।
इस मौक़े पर मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश आज संभावनाओं से आगे बढ़कर 'परिणामों' का प्रतीक बन चुका है और वर्तमान समय राज्य में निवेश के लिए 'स्वर्ण काल' है।
इन प्रमुख कंपनियों को मिली ज़मीन
समीक्षा बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने चार प्रमुख परियोजनाओं के लिए आवंटन पत्र जारी किए, जिनसे राज्य में ₹11,000 करोड़ से ज़्यादा का निवेश आएगा:
इंडिया चिप प्राइवेट लिमिटेड (HCL-Foxconn JV): इसे सेमीकंडक्टर चिप मैन्युफैक्चरिंग यूनिट के लिए 48 एकड़ भूमि आवंटित की गई है। यह परियोजना ₹3,706 करोड़ के निवेश के साथ क्षेत्र में तकनीकी क्रांति लाएगी।
अंबर एंटरप्राइजेज (Amber Enterprises): सेक्टर-08 में 100 एकड़ भूमि आवंटित की गई। यह कंपनी पीसीबी असेंबली, कंप्यूटर इलेक्ट्रॉनिक्स और घरेलू उपकरणों का उत्पादन करेगी। इसमें ₹3,532 करोड़ का निवेश होगा।
एसेंट सर्किट प्राइवेट लिमिटेड (Ascent Circuit): इलेक्ट्रॉनिक कंपोनेंट्स के निर्माण के लिए ज़मीन दी गई है।
बोधिसत्व चैरिटेबल ट्रस्ट (Medical College): सेक्टर-17A में 20.50 एकड़ भूमि मेडिकल कॉलेज की स्थापना के लिए आवंटित की गई है, जिसमें ₹532 करोड़ का निवेश होगा।
मुख्यमंत्री के संबोधन के मुख्य बिंदु
प्रशिक्षित मैनपावर पर जोर: योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे उद्योगों की ज़रूरतों के मुताबिक़ प्रशिक्षित मानव संसाधन (Trained Manpower) तैयार करें। उन्होंने 'युवाओं को रोज़गार' को अपनी प्राथमिकता बताया।
ग्लोबल डेस्टिनेशन: मुख्यमंत्री ने कहा कि 'उद्योग प्रथम, निवेश प्रथम' के दृष्टिकोण से यूपी वैश्विक निवेशकों के लिए एक सुरक्षित और विश्वसनीय गंतव्य बन गया है।
बुनियादी ढांचा और क़ानून-व्यवस्था: उन्होंने राज्य की सुदृढ़ कानून-व्यवस्था और एक्सप्रेसवे के जाल (देश का 55% एक्सप्रेसवे नेटवर्क यूपी में है) को निवेश आकर्षित करने का मुख्य कारण बताया।
इलेक्ट्रॉनिक्स हब: सीएम ने गर्व से साझा किया कि भारत में बनने वाले 55% मोबाइल फोन अब अकेले उत्तर प्रदेश में निर्मित हो रहे हैं।
निवेश का बड़ा लक्ष्य
समीक्षा बैठक में अधिकारियों ने बताया कि यूपी ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट के माध्यम से प्राप्त ₹45 लाख करोड़ के प्रस्तावों में से ₹15 लाख करोड़ की परियोजनाएं धरातल पर उतर चुकी हैं। अगले कुछ महीनों में ₹5 लाख करोड़ के और प्रोजेक्ट्स के लिए ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी की तैयारी है।
YEIDA बना निवेश का इंजन
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पास होने के कारण YEIDA क्षेत्र निवेशकों की पहली पसंद बन गया है। मुख्यमंत्री ने प्राधिकरण को निर्देश दिया कि वे आवंटन के बाद परियोजनाओं को समयबद्ध तरीक़े से शुरू करने में निवेशकों की हरसंभव मदद करें।